कनकनी धूप हो , शांत
समुन्दर हो ,
रोयेदार बारिस हो , हवा में फूलों की खुशुबू हो ...
सरगम संगीत हो , न हार हो न
जीत हो ,
दिशाओं में सन्नाटा हो ,
जहाँ कोई न आता जाता हो ....
न भ्रम हो , न किसी को खोने
का गम हो ,
नौका ऐसी हो ,जिसमे न पतवार
हो ....
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